धनपुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में विशेषज्ञ डॉक्टरों की मांग तेज, OT थियेटर मौजूद फिर भी नहीं हो रहा उपयोग

 

मोहम्मद हारून धनपुरी। 

इस संबंध में जिला कांग्रेस पूर्व उपाध्यक्ष एवं वार्ड 18 के पार्षद आनंद मोहन जायसवाल ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश मिश्रा से मांग की है कि धनपुरी की बड़ी जनसंख्या और उपलब्ध संसाधनों को देखते हुए यहां तत्काल सप्ताह में तीन दिन महिला रोग विशेषज्ञ और नेत्र रोग विशेषज्ञ की सेवाएं प्रारंभ की जाएं। धनपुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर स्थानीय नागरिकों ने चिंता जताई है। लोगों ने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि धनपुरी में सप्ताह में कम से कम तीन दिन महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. हर्षिता शर्मा और नेत्र रोग विशेषज्ञ की सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। यह मांग *पूर्व जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष आनंद मोहन जायसवाल* द्वारा प्रमुखता से उठाई गई है। धनपुरी नगर पालिका क्षेत्र होने के साथ-साथ पूरे अंचल का मुख्य केंद्र है। अकेले धनपुरी नगर की आबादी 50 हजार से अधिक है। इसके अलावा बेम्हौरी, बंगवार, बंडी, सिलपरी, अमलाई सहित दर्जनों ग्राम पंचायतों के हजारों मरीज उपचार के लिए सीधे तौर पर धनपुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ही निर्भर हैं। ऐसे में यहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से पूरे क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित हो रही है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि धनपुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ऑपरेशन के लिए पूरी तरह सुसज्जित ओटी थियेटर मौजूद है, इसके बावजूद विशेषज्ञ चिकित्सकों की स्थायी व्यवस्था न होने के कारण उसका समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। लाखों की लागत से बना ओटी थियेटर केवल शो-पीस बनकर रह गया है। यहां प्रतिदिन सैकड़ों मरीज पहुंचते हैं, जिनमें बड़ी संख्या गर्भवती महिलाओं की होती है। महिला रोग विशेषज्ञ की स्थायी व्यवस्था न होने से उन्हें प्रसव जांच और अन्य महिला संबंधी समस्याओं के लिए 25 किलोमीटर दूर शहडोल जिला अस्पताल या निजी क्लीनिकों का रुख करना पड़ता है। इससे गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ बढ़ जाता है। महिला मरीजों ने बताया कि शर्म और संकोच के कारण वे पुरुष चिकित्सकों के सामने अपनी समस्याएं खुलकर नहीं बता पाती हैं। इसी तरह नेत्र जांच के लिए भी धनपुरी में कोई विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध नहीं है। आंखों की मामूली समस्या, चश्मे के नंबर की जांच और बुजुर्गों की मोतियाबिंद की प्रारंभिक जांच के लिए भी लोगों को दूसरे शहरों में जाना पड़ता है। स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी होती है। इसलिए नागरिकों ने मांग की है कि नेत्र रोग विशेषज्ञ की नियमित नियुक्ति धनपुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में की जाए।

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